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जन्म कुंडली में राहु है यहां आपकी सफलता और धन है वहां, किस भाव में है आपका राहु?#kundali

SHIV KIRPA WORLD OF ASTRO PALMISTRY · 6,539 words · 30 min read

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0:00नमस्कार दोस्तों ऐसी मेरी परमपिता

0:04परमात्मा से प्रार्थना है कि आप सब सुखी

0:06हो स्वस्थ हो मस्त हो और मजे में हो आज

0:10मैं आपकी सेवा में एक नया वीडियो लेकर

0:12हाजिर हुआ हूं। वीडियो शुरू करने से पहले

0:15आपसे विनम्र विनती है कि अगर आपको मेरा यह

0:18वीडियो अच्छा लगे तो मेरा चैनल सब्सक्राइब

0:20कर देना और मेरा वीडियो लाइक व शेयर कर

0:23देना। चलिए आज के मुद्दे पर आते हैं। आज

0:26का जो हमारा मुद्दा है वो है राहु। यह जो

0:29राहु है ना इसको कलयुग का राजा कहा जाता

0:33है। यानी कलयुग में सभी पावर्ट राहु ने

0:36अपने पास ले ली है। कलयुग का प्रभाव है

0:40भाई तो शल कपट

0:43चोरी

0:45धोखा

0:47सेल्फिशनेस

0:49जिनमें इन सब बातों की भ्रमार होगी वो

0:53व्यक्ति अधिक तरक्की करेगा

0:57और

0:58इस कलयुग में

1:01राहु को मैंने सभी ग्रहों से अधिक तेजी से

1:06फल देते देखा है

1:08और आपकी जन्म कुंडली में राहु फल देगा ही

1:13देगा और ग्रह कुछ कम फल दें अधिक फल दें

1:17ये बाद की बात है लेकिन राहु अपने भाव के

1:21अनुसार अपनी राशि के अनुसार अपनी स्थिति

1:25के अनुसार आपको 100% फल देगा ही देगा। कई

1:30बार ऐसा देखने में आता है कि जी बुध की

1:33दशा अंतर्दशा है तो उतना फल प्रतीत नहीं

1:36होता। कुछ परसेंट तक फल प्रतीत होता है।

1:39तो हम सोचते हैं कि थोड़ा अधिक मिलना

1:41चाहिए था कि कहां प्रॉब्लम रह गई। देखनी

1:44पड़ती है। लेकिन राहु चाहे डिग्री कम है,

1:48अधिक है। इसने फल देना ही देना है। बकरी

1:54गति का ये ग्रह ऐसा फल देता है, ऐसा फल

1:58देता है कि जीवन भर उसकी लाभ और हानि हमें

2:03भुगतनी पड़ती है। तो

2:07राहु जिस भाव में होता है उससे संबंधित

2:11मामलों में हमारी सफलता छुपी है। उससे

2:14संबंधित मामलों में हमारा धन कमाने का

2:17तरीका छुपा है। उससे संबंधित मामलों में

2:20हमारा व्यवहार छुपा है कि किस तरह से

2:23व्यवहार करें कि धन कमाएं। राहु कहता है

2:27अंदर से आपने किसी को कोई लाभ नहीं देना।

2:31राहु कहता है अंदर से आपने बिल्कुल दयालु

2:34नहीं बनना। लेकिन बाहर जो मुखौटा आपने

2:37पहनना है वह इस तरह का पहनना है कि मैं तो

2:41बहुत दयालु हूं। दुश्मन को भी ऐसा लगे कि

2:45सबसे अच्छा मित्र उसका मैं मैं ही हूं।

2:49राहु हमेशा पॉलिटिक्स से चलता है।

2:52डिप्लोमेसी से चलता है। और बात ऐसे करेगा

2:58व्यक्ति कि उस काल से किसी को पता ही नहीं

3:01होगा। दो अर्थ निकलते होंगे जिस भाव में

3:05राहु होता है। राहु जब भी स्ट्रांग होकर

3:09विराजमान होता है उससे संबंधित जो मामले

3:13हैं तो जातक को की सोच से परे काम होता है

3:17कि कैसे हो गया समझ ही नहीं आती।

3:21कैसे धन आ गया, कैसे तरक्की कर ली। रातों

3:24रात जमीन से आसमान तक पहुंच गए। कोई राह

3:28चलता व्यक्ति आकर जातक की हेल्प कर देता

3:31है। लेकिन इसमें एक बात है कि राहु जितना

3:35स्ट्रांग होगा उसमें में उतनी

3:38सेटिस्फेक्शन की कमी होगी। और मिल जाए और

3:41मिल जाए और की भावना होगी। तो प्रत्येक

3:45भाव के अनुसार चर्चा करते हैं। राहु जब

3:48आपकी जन्म कुंडली में लग्न में विराजमान

3:50हो तो पूर्ण आप मेरी बात मानिए कि

3:55पूरी सक्सेस आपके आठों ग्रह चाहते हैं।

4:01लेकिन आपकी जो पूरी की पूरी सफलता है जीवन

4:04में जो धन है वो लगन में छिपा है। कैसे आप

4:11दूसरों के साथ व्यवहार करते हैं। कितने

4:14प्रैक्टिकल है।

4:16अपने बारे में कितना सोचते हैं और अपने

4:20बारे में सोचकर

4:23कितना शर्म कपट करना आप जानते हैं। कितना

4:27आप अंदर से मजबूत हैं। लोगों के सामने

4:31अच्छा बनते हैं लेकिन अच्छा नहीं करते।

4:35आपका व्यवहार लोगों के साथ कैसा है? अगर

4:39व्यवहार डिप्लोमेटिक है लोगों के साथ

4:43कि

4:45दुश्मन को भी लगे कि आपसे अच्छा कोई मित्र

4:49ही नहीं है तो आप धनी हो इसमें कोई संशय

4:54नहीं है। दूसरा डिसीजन कब कैसे

5:00काम करना है।

5:02ये डिसीजन आप ले लेंगे।

5:06लेकिन राहु अगर स्ट्रांग हुआ तो

5:08इंप्लीमेंट कर देंगे साथ की साथ और जो

5:11डिसीजन जो आपका निर्णय होगा उसमें 100%

5:15आपको लाभ मिलेगा ही मिलेगा जब आपका राहु

5:18राहु लग्न में विराजमान होगा। जब राहु

5:22लग्न में विराजमान होता है तो जातक

5:25पॉलिटिकल लोगों के सहारे

5:28या जो बहुत बड़ी गवर्नमेंट पोजीशंस पर

5:31होते हैं, बड़े-बड़े गवर्नमेंट ऑफिसर्स

5:33होते हैं उनके सहारे जीवन में बहुत अधिक

5:36तरक्की करता है। जातक के गुप्त संबंध बहुत

5:40अधिक होते हैं।

5:42लेकिन

5:44एक बात है कि कई बार जातक इंट्रोवर्ट हो

5:47जाता है। कि थोड़ा डर की भावना आ जाती है।

5:51फिर लोग इसे दबाने की कोशिश करते हैं।

5:54आपने दबना नहीं है।

5:57झुकना नहीं है।

6:00अगर झुकेंगे तो माफ नहीं करना। अगर माफ कर

6:04दिया तो भूलना नहीं।

6:08माफ कर कर भूलना नहीं। जब एक बात और है

6:13राहु शत्रु बनता है लग्न में जो आपके लिए

6:18प्रॉब्लम क्रिएट करता है एक ना एक दिन

6:21उसको आपसे काम पड़ता है उसको पटकिएगा फिर

6:25उसका पूरे का पूरा हिसाब किताब विद

6:28इंटरेस्ट आपने पूरा करना है तो आप अपने

6:32जीवन में तरक्की करेंगे।

6:3542 साल की उम्र के बाद अचानक लाभ के

6:38बड़े-बड़े मौके देगा जी आपको। आपने उन

6:42मौकों को क्या उसका सही उपयोग करना है।

6:47चाहे पूरी दुनिया खिलाफ हो जाए। एक बार

6:50आपको अकेला करेगा लग्न का राहु।

6:54जब अकेले हो जाएंगे फिर आप में

6:57ट्रांसफॉर्मेशन आएगी।

7:00आपका नाम मान लीजिए ए सिंह है तो ए सिंह

7:06का अंतिम संस्कार कर देना करेंगे आप उसके

7:11बाद नया ए सिंह पैदा होगा

7:14यानी कि पूरे का पूरा चेंज आता है जातक

7:17में पूरे का पूरा जातक में बदलाव आता है

7:20एक बार जब राहु लग्न में हो बदलता क्यों

7:24है बंदा आसपास के लोगों के कारनामा कामों

7:29के कारण सबका इतना किया लेकिन सब आपसे

7:34अपना लाभ उठाकर एक तरफ हो गए। आप क्या

7:37करोगे?

7:38अकेले पड़ गए आप। लेकिन जब आप अकेले पड़

7:42गए तो आपका दिमाग शातिर से बहुत अधिक

7:46शातिर हो जाएगा। और फिर आप पैसा कमाने के

7:51लिए नईनई प्लानिंग तो बनाते ही है शुरू से

7:54लेकिन अब उसको इंप्लीमेंट करेंगे और उन

7:57प्लानिंग से धन भी होगा सफलता भी होगी

8:02समृद्धि भी होगी लेकिन जहां भी एक बात याद

8:05रखनी है जिन लोगों ने आपके साथ प्रॉब्लम

8:09क्रिएट की

8:11अब वह आपके अंडर आएंगे

8:14उनको आपसे काम पड़ेगा

8:17तो आपने यह गलती नहीं करनी उनको माफ करने

8:21की। दयालु सचमुच में होने की दयालु पुणे

8:26का दिखावा करना है। सचमुच में दयालु बन गए

8:30तो राहु को जीरो कर लेंगे।

8:33शल कपट करना पड़ेगा।

8:36दूसरों को धोखा क्योंकि लगन पूरी कुंडली

8:40को हमारे जीवन के हर क्षेत्र को प्रभावित

8:44करता है। जीवन के हर क्षेत्र में दूसरों

8:47को धोखा देना पड़ेगा। ये अपनी मजबूरी समझ

8:51लीजिए या सीक्रेट ऑफ सक्सेस समझ लीजिए।

8:56फिर आपके अंदर ये नहीं आना चाहिए। ये धर्म

8:59हो गया। ये अधर्म हो गया। फिर आपके अंदर

9:02जय आना चाहिए कि मैंने अपना गोल प्राप्त

9:05करना है। बाय हुक और बाय क्रुक।

9:09दिन रात मेहनत करने की शक्ति राहु देगा।

9:14राहु नए-नए रास्ते खोलेगा आपके लिए।

9:18और लगन का राहु राजयोग होता है। अगर

9:21स्ट्रांग पोजीशन में हो।

9:24बहुत बड़े-बड़े लाभ करवाता है। दूसरे भाव

9:28का राहु

9:30यह जो दूसरे भाव का राहु है

9:34आप में ट्रांसफॉर्मेशन आएगी। चेंज आएगा

9:39किसके प्रति? पहले तो धन के इतनी अहमियत

9:42नहीं थी आपको। लेकिन जीवन में राहु पहले

9:45यह सिखाएगा कि धन

9:48इसकी क्या अहमियत है। जब मुसीबत में हो

9:52कोई एक रुपया नहीं देता।

9:55ये आपको राहु दिखाएगा प्रैक्टिकली

9:58सिखाएगा।

10:00उसके बाद आपको लगेगा कि धन कमाना है। फिर

10:04आपके जो रिश्तेदार है उनसे कैसे निपटना

10:07है।

10:09वो आपको सिखाएगा।

10:12और अगर आपके दांत टेढ़े-मेढ़े हैं या दांतों

10:17की बीमारियां जल्दी शुरू हो गई आरसीटी

10:20वगैरह हो गई तो उस दिन से आपको टेढ़ा बनना

10:24पड़ेगा। अगर बचपन से ही दांत टेढ़े हैं तो

10:27शुरू से ही टेढ़ा बनना पड़ेगा। अगर राहु

10:30आपका दूसरे भाव में है तो आप जीवन में

10:34तरक्की कर पाओगे।

10:36राहु दूसरे भाव में रिश्तेदारों पहले आपको

10:40रुलाएंगे।

10:42लेकिन बाद में आप रिश्तेदारों को

10:45रुलाएंगे। आपका सीक्रेट ऑफ सक्सेस कहां

10:48छुपा है? धन सफलता कहां छुपी है? धन कमाने

10:53में। पहले धन कमाएं। फिर उस धन से और धन

10:58कमाएं। यानी कि जितना धन आप कमाते जाएंगे,

11:01उतना आपका धन बढ़ता जाएगा। राहु दूसरे भाव

11:05में जब विराजमान होता है और

11:09प्रतिष्ठा की परवाह नहीं करनी दांव पर लगा

11:12देनी है धन के लिए

11:16आपकी वाणी पूरी तरह से डिप्लोमेटिक हो

11:20पूरी तरह से पॉलिटिकल हो वाणी के दो अर्थ

11:24निकलने चाहिए किसी को समझ ना आए कि ये

11:27हमारे लिए अच्छा बोल गया या हमारे लिए

11:30बुरा बोल गया

11:32और राहु दूसरे भाव में तो पितृ पक्ष के

11:36बीच में आपने मछलियों की सेवा करनी है।

11:40मछलियों की सेवा जब आप करेंगे तो

11:42स्टेबिलिटी आएगी आपकी लाइफ में। परिवार के

11:46जो लोग हैं

11:49उनके लिए इतना ना सोचे कि आप अपने लिए

11:53सोचना बंद कर दे। अपने आप को रोग लगा ले।

11:57अपनी डाइट में कमी कर दे। और जब आप किसी

12:01तरह से

12:03आप किसी मान लीजिए मूड आपका अच्छा नहीं है

12:06तो उस समय आपने अपनी डाइट कम नहीं करनी।

12:09उस समय आपने अपना खाना पीना बढ़ाना है।

12:13डाइट बढ़ानी है। एक बात का ध्यान रखना कि

12:17सर के जो बाल हैं उन पर थोड़ी सी डाई कम

12:21लगाने की कोशिश करें। नेचुरल डाई मेहंदी

12:25वगैरह लगा ले तो अच्छा है लेकिन थोड़े बाल

12:29सफेद हो तो वो आपके धन के लिए अच्छे हैं।

12:36जो आपके रिश्तेदार हैं रिश्तेदारों को

12:40आपने यहां से लेना है कि मेरा कोई

12:41रिश्तेदार है ही नहीं। ये नहीं कि उसने

12:45मुझे अकेला छोड़ दिया। मैं क्या करूंगा? जब

12:47रिश्तेदार आपको अकेला छोड़ेंगे, तभी आप

12:51में चेंज आएगा। तभी आप में एनर्जी आएगी।

12:55तभी आपको जीना आएगा। तभी आप जीवन में

12:59तरक्की करेंगे। तीसरे भाव का राहु कहां

13:03छिपिया आपका धन धनवान होने की क्षमता?

13:08कहां छिपया आपका सफलता का सीक्रेट?

13:12फर्ज निभाने में

13:17दलेरी दिखाने में,

13:20परिश्रम से अधिक शॉर्टकट अपनाने में

13:25शॉर्टकट अपनाइए।

13:28परिश्रम नहीं शॉर्टकट ब्याल के जैसे नहीं

13:31चलना।

13:34हमने

13:36जो हमारा दिमाग है

13:40उसके सहारे हमने

13:42कम मेहनत में अधिक लाभ प्राप्त करना है।

13:46तभी अगर तीसरे भाव में राहु स्ट्रांग है।

13:50जातक पॉलिटिक्स में बहुत अधिक तरक्की करता

13:53है। एक ऐसा धंधा

13:57जिसमें

13:59जो हमारी इन्वेस्टमेंट है उसका लाभ हमें

14:03कई गुना अधिक हो जाता है। तो बड़े-बड़े

14:06पॉलिटिकल लीडर्स की कुंडली में तीसरे भाव

14:09में राहु देखा गया है। राहु तीसरे भाव में

14:12है। किसकी सहायता कब करनी है? इसमें आपकी

14:16सफलता छिपी है। किससे मित्रता करनी है?

14:20इसमें आपकी सफलता छुपी है। जब भाई बहन

14:23आपको टाटा बाय-ब कह दे, जब भाई बहन आपको

14:27अकेला छोड़ दे, तो उसके बाद आपकी सफलता

14:32शुरू हो गई।

14:34उसके बाद आपको जीना आएगा। पहले तो आप

14:38निकम्मे थे। उसके बाद आपकी अकल काम करेगी।

14:43कि कैसे जीवन में तरक्की करनी है। मित्र

14:48आपके बहुत काम आएंगे।

14:52गुप्त शत्रु आपके लिए टॉनिक है। जितने

14:57आपके जीवन में अधिक गुप्त शत्रु होंगे

15:00उतना अधिक आप जीवन में तरक्की करेंगे। वन

15:05ऑफ द बेस्ट योग है जी एस्ट्रोलॉजी का कि

15:08जब आपका राहु आपकी कुंडली के तीसरे भाव

15:11में है। तो जो कोई कहे कि मैं नहीं भाई यह

15:15काम कर सकता मैं नहीं रिससिबिलिटी ले सकता

15:18और आपको लगे कि इसको लेने में मुझे लाभ है

15:21पहले ये चेक करना है कि इसको लेने में

15:24मुझे लाभ है उसके बाद आपके मुझे दे दो मैं

15:27कर लूंगा आई कैन डू इट और आप कर लेंगे और

15:32ईश्वरीय कृपा आप पर बरसती है कि जो काम

15:35आपने अपने हाथ में ले लिया वो काम पूरा हो

15:39गया

15:41और छोटे व्यक्तियों की सहायता कीजिए।

15:45अधिक लोगों की सहायता कीजिए। मास जो आसपास

15:49की पब्लिक है वो आपका साथ दे। इस तरह आपने

15:54काम करना है कि जब कोई आपके खिलाफ हो पूरे

15:58का पूरी दुनिया आपके साथ हो।

16:02ये अगर राहु स्ट्रांग है तो ये आप में

16:06क्वालिटी होगी। लोगों को अपने पीछे कैसे

16:10निगा लगाना है।

16:12और जिनका छोटे से छोटा काम किया है वह याद

16:16रखेगा कि आपने उसका काम किया है तो लोगों

16:20के काम करते जाए लेकिन दिमाग में ये रखना

16:24है कि ये मेरे काम कब आएगा कैसे आएगा और

16:28जब आपको आवश्यकता हो उससे काम निकलवा लें।

16:32इसमें आपका धनी होने का राज छिपा है। इसी

16:36में ही आपकी सफलता छिपी हुई है। बाकी जो

16:40सेल्स लाइन में है, मार्केटिंग लाइन में

16:43है, कम्युनिकेशन लाइन में है वो बहुत अधिक

16:46तरक्की करते हैं। क्योंकि नेगोशिएशन पावर

16:49बहुत अधिक होती है। कैसे किसको हैंडल करना

16:53है?

16:55₹2 देकर चार का लाभ कैसे लेना है? इस

16:58थ्योरी पर आपने चलना है पहले देना होगा

17:01लेकिन चार का लाभ भी लेना आपको आना चाहिए

17:06तो जहां आपकी सफलता छिपी है चौथे भाव में

17:09राहु चौथे भाव में राहु एक बात मेरी नोट

17:14कर ले कि जो आपकी ये चंद्रमा के घर में

17:18राहु आ गया अब क्या है ये चंद्रमा

17:22राहु के साथ जब आप कह ले अन्याय हुआ था

17:26न्याय हुआ था जो किसी की समझ है कि जब

17:30समुंदर मंथन हुआ था तो राक्षसों ने पूरा

17:35अपना दमखम लगा दिया लेकिन देवताओं ने क्या

17:39किया छल कपट थे वो जो जिसमें पात्र में

17:46अमृत था वही चेंज कर दिया धड़ा और खुद

17:50अमृतपान करने लगे लेकिन राहु

17:54पॉलिटिकल ग्रह

17:56जहां

17:57लोगों की सोच खत्म होती है। राहु की शुरू

17:59होती है। तो राहु ने

18:03देवताओं का रूप बना लिया और उसी लाइन में

18:06जाकर बैठ गया और अमृत पीने लग गया। जब

18:11अमृत पी चुका था ये तो चंद्रमा ने राहु को

18:14देख लिया। उसने भगवान विष्णु को राहु की

18:18शिकायत लगा दी। तो भगवान विष्णु जी ने

18:22सुदर्शन चक्र से राहु का सर काट दिया। उस

18:25दिन से दो ग्रह बने राहु और केतु जहां

18:28राहु आ गया चंद्रमा के घर में परम शत्रु

18:32तो एक बात तो आपको माननी पड़ेगी बिना पानी

18:36के डूबोगे बिना आग से जलोगे यानी कि छोटी

18:42सी प्रॉब्लम होगी इतनी बड़ी टेंशन ले

18:44लेंगे परिवार के सभी सदस्यों से डोगे पता

18:48नहीं मेरा क्या बिगाड़ लेगा अगर मैंने

18:51इसका काम नहीं किया अगर मैंने इसकी बात

18:54नहीं मानी तो पता पता नहीं क्या हो जाएगा।

18:57माता की सेवा करें। लेकिन साथ ही साथ में

19:00इस बात का भी ध्यान रखें कि माताजी आपको

19:03भी कुछ ना कुछ दे।

19:06लेकिन उल्टा होगा। कब आंखें खुलेंगी? जब

19:10पैतृक संपत्ति में भी प्रॉब्लम आएगी।

19:13माताजी की सेवा करने के बाद भी जितनी सेवा

19:17आपने की उतना लाभ आपको नहीं मिला। फिर

19:20आंखें खुली की खुली। उस दिन से फिर

19:24आप में ट्रांसफॉर्मेशन आएगी, चेंज आएगा।

19:28फिर आप क्या है? अपने परिवार के लोगों को

19:31बाय-ब बोल देंगे। और कुछ केसेस में तो

19:35मैंने ऐसा देखा है कि जब लड़ाई झगड़ा होता

19:39है फैमिली में कोई प्रॉपर्टी डिस्प्यूट हो

19:42जिनका राहु चौथे भाव में विराजमान होता है

19:45तो वो जब डिस्प्यूट खत्म होता है अपने

19:48एफिडेविट पर जहां तक लिखा देते हैं कि

19:50मेरे मरने पर भी मेरा ये भाई बहन या

19:53रिश्तेदार बिल्कुल ना आए मेरी डेड बॉडी को

19:56भी हाथ ना लगाए यानी कि इतना अधिक मन में

20:00दुख होता है तो इतना अधिक दुख दुख होगा

20:03उसके बाद आप चेंज होंगे।

20:06फिर जहां आपका है कि आपको सुख छोड़ना

20:10पड़ेगा। सुख छोड़ने के बाद आप फिर धन

20:15कमाए।

20:17सफलता आपकी कहां छिपी है? सफलता छिपी है।

20:20बाहर लोगों में दूसरी जाति के लोगों में

20:24अपनों में आपकी सफलता नहीं छिपी। अपनों

20:27में आपका धन नहीं छिपा। आपके अपने की जो

20:32गतिविधियां है जो उनकी कार्रवाइयां है वो

20:35आपको नीचे गिराने की कोशिश करेंगे उनसे

20:40दूर हो जाए उनकी नेगेटिव एनर्जी तो कोई आज

20:45हमारा मित्र ने फोन पर कहा गुरु जी नजर के

20:49बारे में बताएं मैं तो बहुत दुखी हूं जता

20:53जी मैंने ये अपने जीवन में पाया कि नजर तो

20:56पत्थर को तोड़ देती

20:58तो अब मेरे दिमाग में बैठे-बैठे आया कि

21:01राहु चौथे बार में है तो अपने रिश्तेदारों

21:04की फैमिली मेंबर्स की नजर उनकी नेगेटिव

21:08एनर्जी ये आपके लिए बहुत नुकसानदायक सिद्ध

21:12हो सकती है। तो उनसे दूर होकर आपको लाभ

21:16है। शुरू से ही जो पैतृक संपत्ति है उसको

21:20देखदेख कर ना जिए। उसमें प्रॉब्लम्स

21:24आएंगी। कोर्ट केसेस भी हो सकते हैं। हो

21:27सकता है कि आपके बुजुर्ग आपको ना दे। आपने

21:30जो करना है अपने बलबूते पर करना है। बाहरी

21:34लोगों की सहायता से करना है। सुख के पीछे

21:37ना भागे। काम कीजिए। कर्म जितने आप कर्म

21:43प्रधान व्यक्ति होंगे उतना अधिक आप धनी

21:46होंगे। उतना अधिक आपको लाभ होगा।

21:48जल्दी-जल्दी अधिक कामकाज चेंज ना करें।

21:52क्योंकि दिमाग ही नहीं चलता। बंदा अपनों

21:55से नहीं लड़ सकता। बाहर वालों से लड़ना

21:58बहुत आसान है। लेकिन सबसे अधिक जो मुश्किल

22:02है वो लड़ना अपनों से लड़ना है। राहु चौथे

22:06भाव में अपनों से लड़ना पड़ता है। आपकी

22:08आधी एनर्जी वही कंज्यूम हो जाती है। तो

22:12भाई इस बात का ध्यान रखें और पब्लिक के

22:16सहारे आपको आगे बढ़ना है। आपने खुद अपना

22:20मकान बनाना है। आपने खुद अपने लिए रोजगार

22:24ढूंढना है। आपने खुद अपने लिए पैसे कमाने

22:28हैं। पहले दिन से यह बात सोच कर चले जिनका

22:31राहु चौथे भाव में है। जिनका राहु पंचम

22:34भाव में है। जहां आ गया खेल आपके पाले में

22:38बोल आ गई। राहु पंचम भाव में जांच चलाइए

22:42बुद्धि

22:43उल्टी बुद्धि छल कपट

22:48धोखा

22:50और

22:52ये नहीं सोचना दुनिया क्या कहेगी

22:56ये नहीं सोचना मैंने उसके सामने अच्छा

22:59बनना है अगर लोगों की परवाह करनी आपने

23:04छोड़ दी तो अब आपकी बल्ले बल्ले

23:08सूर्य का घर है। सूर्य क्या है?

23:14नेम एंड फेम। नेम एंड फेम की परवाह ही

23:16नहीं करनी। परवाह किसकी करनी है? धन

23:19चाहिए। सफलता चाहिए। जब धन मिल गया सफलता

23:24मिल गई। बड़े-बड़े लोग आपके चरणों में

23:27होंगे। अगर लोगों की परवाह करते रहे कहीं

23:31मेरी इज्जत ना खराब हो जाए। अगर लोगों को

23:34पता चल गया तो ये ना हो जाए। कुछ नहीं

23:36होगा।

23:38शातिर बुद्धि है आपकी। हर फील्ड में आपकी

23:42उल्टी बुद्धि आपके काम आएगी।

23:46धन कमाने में,

23:48सफलता हासिल करने में। और एक बात और है,

23:52पिछले जन्म के जो कर्मों का दर होता है,

23:55ये अचानक लाभ का भी होता है ये। नवम से

23:59नवम भाव है, भाग्य का भाव भी है।

24:03भाग्य आपको मौके देगा। अचानक राहु यह नहीं

24:08कि कोई आप प्लानिंग करो फिर आपको मौका

24:10मिलेगा। ये तो राह चलते आपको मौके देगा।

24:14अब आपने उन मौकों का पूरा लाभ उठाना है।

24:18किसी के साथ तर्क वितर्क हो जाए, बहसबाजी

24:22हो जाए तो देखना है कि इससे फायदा है का

24:25नुकसान है। अगर फायदा है तो अगर वो दिन को

24:28रात कहे तो आप भी कह दे रात है। अगर आपको

24:32कह लगे कि ये मेरे पर हावी ना हो जाए तो

24:35रात को भी दिन कहना है आपने।

24:38यानी कि पूरी तरह डिप्लोमेसी से काम लेना

24:42है। बुद्धि से काम लेना है। ईमानदारी जीरो

24:46मन की सच्चाई जीरो

24:51और जितने अधिक ईमानदार होंगे जितनी अधिक

24:55मन की सच्चाई होगी उतने अधिक आपकी हार्ट

24:58बीट तेज होगी। अगर राहु के कारण हार्ट बीट

25:02तेज हो रही है तो मेडिकलली तो आप जो दवा

25:06जड़ी बूटी लेते हैं लेते हैं। इसके अलावा

25:10ये जो

25:12लोगों के आपके मन में है कि जी मैंने कोई

25:15छल नहीं कपड़ा करना। मैंने ईमानदारी करनी

25:18है। मेरा ये उसूल है तो उनको आप क्या है?

25:22कचरे के डिब्बे में फेंक दीजिए।

25:25तो आप जीवन में तरक्की करेंगे। मैं सभी

25:28बातें आपको आज प्रैक्टिकल बता रहा हूं।

25:31प्रेम संबंध के मामले, ऑपोजिट सेक्स के

25:34मामले

25:36ऑपोजिट सेक्स के मामलों में अगर आपने अपने

25:40दिल से काम लिया तो वो आजकल जो चर्चा चल

25:44रही है कि जी, नीले ढोल में लाश मिली। वो

25:48जो पहाड़ी से धक्का दे दिया, वही काम होगा

25:51आपके साथ।

25:53ऑोजिट टैक्स से जब व्यवहार करें दिल से

25:57नहीं करना दिमाग से करना है इससे पहले कि

26:01वो आपको जूझ एंड थ्रो कर जाए आप उसको जूझ

26:04एंड थ्रो कर दे

26:07तो आप क्या है इमोशनली भी कायम रहेंगे

26:11पर्सनालिटी भी आपकी अच्छी रहेगी समाज में

26:15मान सम्मान भी बना रहेगा राहु स्ट्रांग हो

26:18थोड़ा सा पैसा शेयर मार्कशीट में इन्वेस्ट

26:21करें वहां आपको लाभ होगा। राहु आपका

26:25स्ट्रांग और रिस्क ले।

26:28कोई बड़ा बंदा प्रॉब्लम में है, उसका

26:31लड़ाई झगड़ा हो गया तो उसका साथ दें। आपको

26:35पता है कि जहां नुकसान भी हो सकता है।

26:38लेकिन बाद में वो आपको बहुत अधिक लाभ

26:41देगा। तो दलेरी से काम ले। छठे भाव का

26:46राहु। छठे भाव के राहु में के बारे में तो

26:49सभी कहते हैं जी।

26:51छठा राहु

26:54अगर है तो जातक सफल ना हो। लेकिन इसमें एक

27:00प्रॉब्लम आती है। इसमें प्रॉब्लम आती है

27:03कि आपके जो विचार है

27:07वो आपकी सेहत को बहुत अधिक इंपैक्ट करते

27:11हैं।

27:13क्यों इंपैक्ट करते हैं? तो जहां भी आप

27:15देख लीजिए कि सफलता का राज कहां छिपा है?

27:19सफलता का राज आपका छिपा है। जितने आपके

27:22अधिक दुश्मन होंगे।

27:24जितने ननिहाल पक्ष के लोग आपके लिए

27:29प्रॉब्लम क्रिएट करेंगे, उतने अधिक आप सफल

27:32होंगे। अब बात कर रहे थे कि आपकी हेल्थ के

27:35बारे में। यानी कि जो आपके मन में विचारों

27:40की ट्रैफिक है, उसका सबसे अधिक असर होगा

27:44आपके डाइजेस्टिव सिस्टम पर। क्योंकि जैसे

27:47हमारी दिमाग की शेप है वैसे ही हमारी पेट

27:51की जो आंतरे हैं इंटेस्टाइन है उसकी शेप

27:55है। तो वो इसको छोटा दिमाग भी कहते हैं कई

27:59लोग। तो

28:01इतने विचार नहीं आने देने कि आपको पेट की

28:05बीमारियां लग जाए।

28:07दूसरी बात

28:09लोगों के कारण आपने अपने को बीमार कर

28:12लिया। ये भाई कहां की समझदारी है?

28:16दुश्मन को तो एक दुश्मन पैदा हो तो आप

28:20उत्सव मनाएं

28:23नाश नहीं करना क्योंकि एक का नाश करेंगे

28:25दो पैदा होंगे उसको फलने फूलने दीजिए

28:30लेकिन प्रॉपर उस पर नजर बनाए रखना और

28:35जितने

28:37दुश्मनों का आप नाश नहीं करेंगे उनको फलने

28:40फूलने देंगे सही मौके पर वार करेंगे

28:44जाके की मधुमक्खियां होती है। उनके जो

28:50छत्ते में शद होता है उसकी एक उनको जो शद

28:54निकालते हैं उनको पता होता है चंद्रमा की

28:57कला से कि भाई अब शद है तब हमला करते हैं

29:01तो शहद मिलता है। ऐसे ही आपने अपने दुश्मन

29:04को फलने फूलने देना है। जब शहद होगा जब

29:09आपको उस पर हमला करने से लाभ मिलेगा तब

29:12आपने हमला करना है। जहां आपका धनी होने का

29:16सूत्र है, ये आपका सफल होने का सूत्र है

29:20और ये सूत्र से आप क्या है कि अपनी

29:23पोलिटिकल लाइफ में और अपने कार्य क्षेत्र

29:26में बहुत आगे बढ़ेंगे। कार्य क्षेत्र में

29:30गुस्सा तो करना ही नहीं है। दरी दिखानी

29:33है। बड़ी-बड़ी बातें करनी है। दिखावा करना

29:35है। दुश्मनों को ये शो करा देना है बातों

29:39बातों में कि अगर मैंने इससे पंगा लिया तो

29:42इससे बुरा बंदा कोई नहीं होगा। तो देखिए

29:46कैसे आप जीवन में तरक्की करते हैं। और

29:50इसमें एक बात है कि लोन

29:55उतना ही ले जितना आप उतार सके। लोन दिखावे

29:59के लिए नहीं लेना। ऋण दिखावे के लिए आपने

30:02बिल्कुल नहीं लेना। और जो लोग आपके

30:08ऑपोजिशन वालों के खास है यानी आपके दुश्मन

30:12के खास है जो लोग

30:15वो आपके भी खास हो जाएंगे। और वो आपको

30:19बहुत लाभ देंगे। यह राहु की ब्यूटी है जब

30:22सिक्स्थ हाउस में होता है। जो आपका दुश्मन

30:26का मित्र है। वो कहते हैं कि दुश्मन का

30:29दुश्मन आपका मित्र है। जहां उल्टा है जो

30:32आपके दुश्मन का मित्र है

30:36वो उसका दुश्मन बन जाएगा और आपका मित्र बन

30:39जाएगा। आपकी चालों के कारण आपकी जो बुद्धि

30:43है उसके कारण। तो इस स्ट्रेटजी से आप अपने

30:48जीवन में अधिक लाभ प्राप्त करेंगे। सप्तम

30:52भाव में राहु सप्तम भाव में राहु वह कहते

30:56हैं कि

31:00एक बार

31:02एक नेताजी थे

31:06तो उनका बेटा कहता है कि पिताजी मैंने भी

31:10नेता बनना है। पिताजी कहते हैं ठीक है ने

31:14बना देते हैं तुझे नेता। तो बातें बातों

31:17में उन्होंने क्या किया कि उसको ऊंची

31:20दीवार पर बिठा दिया। छोटा था बेटा सात आठ

31:23साल का। तो उसने कहा बेटे को कि अब यहां

31:27से छलांग लगाओ।

31:30तो बेटे ने कहा पकड़ लोगे। कहता हां पकड़

31:33लूंगा।

31:35तो बेटे ने छलांग लगाई, वो पीछे हो गए।

31:39और बेटे को चोट लगी। तो वो चिल्लाया कि

31:43क्या बाप हो? शर्म नहीं आती बाप होकर ऐसी

31:47हरकत

31:49पुत्र कब पुत्र तो हो सकता है लेकिन

31:53उन्होंने कहा कि तूने नेता बनना था तो

31:56मैंने तुझे नेता बनने का पहला प्रिंसिपल

31:59बता दिया पहला रूल बता दिया कि अपने सगे

32:02बाप पर भी विश्वास नहीं करना अब यही बात

32:06है सप्तम राहु ये आपको सिखाएगा पहले आपको

32:12गिराएगा आपके अपने आपको धोखा देंगे। जिनको

32:16आप बहुत करीबी समझते थे, वो ठगी लगाएंगे।

32:21फिर आपको समझ आएगी कि किसी पर भरोसा नहीं

32:24करना।

32:26फिर आप अपने जीवन में कामयाबी हासिल

32:28करेंगे। और जहां एक सलाह दी जाती है आपको

32:32कि पार्टनरशिप में कोई काम ना करें। और यह

32:36जो

32:38शुक्र के घर में राहु आ गया। अपने गुरु के

32:41घर में आ गया और गुरु भी ऐसा कि कोई बात

32:45नहीं मैं पीछे हूं जो होता है कर दे तू तो

32:50पेशेंस कम कर देता है पेशेंस रखिए सबसे

32:54अधिक मार बंदा तब खाता है जब उसमें पेशेंस

32:57नहीं होती जब सप्तम भाव में राहु आता है

33:00जितनी आप में पेशेंस होगी उतनी अधिक आप

33:03तरक्की करेंगे और आपका जो जीवन साथी है वह

33:07पूरा वो होगा

33:10जासूस

33:13स्पाइन होगी आपकी

33:16कब कहां हो क्या हो कैसे करते हो और कैसे

33:20आपको काबू करना है उसको भलीभांति ही आता

33:23होगा

33:24तो उसको अपने सीक्रेट्स ना बताएं

33:29अगर सीक्रेट बता दिए तो कठपुतली बनाएगा

33:32आपका जो जीवन साथी है

33:35अपने जा दोस्तों के साथ बैठकर बाहर बाहर

33:39खाना पीना नहीं है क्योंकि राज की बातें

33:41बता देंगे और वही फिर राज की बातें आपके

33:44लिए नुकसानदायक सिद्ध होंगी।

33:48सप्तम भाव का राहु आपको चमकाएगा।

33:52आपने ध्यान रखना है कि जो आपकी सफलता छिपी

33:58हुई है। वो आपके अकेले होने में छिपी हुई

34:02है। अकेले काम करने में छिपी हुई है। किसी

34:06को आपने

34:08अपनी रणनीति के बारे में कोई जानकारी नहीं

34:11देनी और तभी कहते हैं कि पार्टनरशिप में

34:15आपने कोई काम नहीं करना। कोर्ट केस से

34:19बचें

34:21जितना कोर्ट केस से बचेंगे उतनी अधिक आप

34:24तरक्की करेंगे। कोर्ट केस अगर हो गया तो

34:27क्या दिमाग उल्टा चलेगा प्रेस्टीज इशू बन

34:30जाएगा। सिविल का केस है क्रिमिनल बन

34:33जाएगा। तो भुगत से रहना सारी एनर्जी तो

34:36कोर्ट के और चली गई तो रोजमर्रा के जीवन

34:40में करने वाले काम कैसे करोगे तो कोर्ट

34:44केस से आपने बचना है अष्टम भाव का राहु

34:48अष्टम भाव का राहु भाई

34:52ये तो अपने आप में ही

34:56पूरा आप कह लो कि सेंटर ऑफ पॉलिटिक्स है।

35:00जैसे भारत में दिल्ली या भारत की राजधानी

35:05वहां से पूरी की पूरी पॉलिटिक्स चलती है।

35:07तो ये सेंटर है पॉलिटिक्स का सेंटर अष्टम

35:13भाव जहां राहु आ गया।

35:16सबसे पहले अपने आप को पूरी तरह से सीक्रेट

35:20कर ले। और दूसरी बात ये आपके जो सीक्रेट

35:24ऑर्गन है ना गुप्त अंग पर कोई ना कोई

35:26निशानी देगा। निशान देगा बड़ा तिल देगा।

35:30अष्टम भाव में राहु हो तो यह जांच दिलाता

35:34है कि भाई गुप्त रूप से सभी काम करने हैं

35:39और ऑपोजिट फैक्ट से आपको लाभ मिलेगा लेकिन

35:45ऑोजिट फैक्ट से जो रिलेशन है बिल्कुल आपको

35:48गुप्त रखने हैं

35:53धार्मिक होने का ढोंग कीजिए

35:58और

36:00अगर लोगों को थोड़ा सा अधिक धार्मिक पूरा

36:05शो करना पड़े तो उससे भी घबराना नहीं है।

36:09ये नहीं सोचना कि मैं अंतर से तो इतना

36:11बुरा हूं। इनके सामने ये कर रहा हूं। ये

36:14मजबूरी है आपकी। इन लोगों के सामने ऐसे कि

36:19मुझसे अधिक ज्ञानी तो कोई है ही नहीं।

36:21मुझसे बड़ा पंडित तो कोई है ही नहीं।

36:24लोगों को ये शो करना होगा। तो देखिए कैसे

36:27धन आता है। दूसरा जितना अधिक आप अपने आप

36:31को सीक्रेट रखेंगे पूरी की पूरी जो सोच है

36:36वो तो आपके जुबान पर आनी ही नहीं चाहिए।

36:40जब आपकी सोच पूरी तरह से सीक्रेट होगी और

36:45जो आपके रिलेशन है बनाइए चाहे कैसे ही

36:48बढ़े चाहे नुकसान ही हो जाए।

36:51देखिए बड़े-बड़े पिटिकल लोगों से,

36:54बड़े-बड़े गवर्नमेंट ऑफिसर से या रसूखदार

36:57बंदों से जब हम संबंध बनाते हैं तो कई बार

37:00नुकसान होने के चांस भी रहते हैं। वो हमको

37:03यूज़ कर जाता है। तो आप भी यूज़ होंगे।

37:06लेकिन इसको भी सीक्रेट रखना है। लेकिन कुल

37:09मिलाकर पोलिटिकल लोगों से लिंक आपको बहुत

37:12अधिक लाभ देंगे। सीक्रेट काम कीजिए और

37:16लीगल लीगल दो जो भी आपका धंधा है नौकरी है

37:20उसमें लीगल इललीगल दोनों तरह के काम आपको

37:24करने पड़ेंगे ये आपकी मजबूरी होगी और

37:28इसमें ये है कि ये सोच रहा है कि भाई ये

37:31तो काम मुझे करने हैं। फिर उनको भुलाने की

37:34कोशिश नहीं करनी। बुलाने के चक्कर में

37:36शराब वगैरह कोई नशा वगैरह की वस्तु

37:39बिल्कुल नहीं खानी। और सबसे बड़ा रक्षक

37:43कौन है आपका?

37:45लोगों के सामने भगवे कपड़े पहनने। लोगों

37:49के सामने भगवी सोच रखनी कि मैं तो धार्मिक

37:52हूं।

37:54मैं तो गीता भी आती है मुझे जो भी ग्रंथ

37:58है सबकी थोड़ी बहुत नॉलेज रखिए। चाहे तीन

38:02चार श्लोक रख ले और संस्कृत के वही बोलते

38:05रहे तो देखिए कैसे आपको कामयाबी प्राप्त

38:09होती है। नवम भाव का राहु

38:13नवम भाव का राहु

38:15भाग्य भाव में आ गया तो

38:20भाग्य अचानक ही मौके देगा।

38:24कई बार ऐसा होता है कि

38:29कोई समस्या आती है या कोई भयंकर युद्ध

38:32होता है या किसी

38:36बहुत ही

38:38इनफ्लुएंसरर बंदा हो यानी कि पावरफुल बंदा

38:42हो उसके साथ झगड़ा हो जाए तो वहां से जो

38:46भाग जाता है बच जाता है

38:49तो भागने में लाभ आएगा

38:52कहां वहां भागने में जहां आपके लिए तीर

38:57कमान में तीर डाले कौन खड़े हैं? आपके

39:01अपने रिश्तेदार

39:04आपके अपने ब्लड रिलेटिव्स

39:07उनकी जो नेगेटिव एनर्जी है वो आपको क्या

39:10है आगे नहीं बढ़ने देगी। और उनके बारे में

39:14सोच सोच कर आप अपने बारे में तो सोच ही

39:17नहीं पा रहे कि कैसे मैंने धन कमाना है।

39:20कैसे मैंने अपने जीवन में तरक्की करनी है।

39:24कैसे मैंने दुनिया को ऊपर राज करना है। ये

39:29तो आप सोच ही नहीं पा रहे। बस इसी बात पर

39:32कुड़ रहे हैं। अंदर ही अंदर दुखी हो रहे

39:35हैं। मेरे भाई ने ऐसा कर दिया। मेरे

39:37रिश्तेदार ने ऐसा कर दिया। मेरे कजन ने

39:40ऐसा कर दिया। मैंने पूरी उम्र इसका इतना

39:43किया। मुझे ऐसा कर रहा है। तो इन बातों

39:45में कुछ नहीं रखा।

39:48चाहे कितना ही सोच लीजिए।

39:51एक रिश्तेदार के बुराई दूसरे को कर दीजिए

39:54जिसको आप अपना समझते हैं। तो उसमें भी कुछ

39:57नहीं रखा। आप तभी सोचते हैं कि मैंने

40:00कितना बड़ा काम कर दिया। वो मेरा अपना था।

40:03इसने मुझे धोखा दिया। मैंने इसकी बुराई

40:06उसको कर दी। तो अपना टाइम वेस्ट कर रहे

40:08हैं। अपनी एनर्जी वेस्ट कर रहे हैं। आपका

40:12एक ही मोटिव होना चाहिए जीवन में तरक्की।

40:16भाग्य जो मौके दे रहा है ऊपर उठने के उसका

40:19पूरे का पूरा लाभ आपने कैसे हासिल करना

40:23है। तो दो तरीके होते हैं। या तो दुश्मन

40:27को मसल दे या दुश्मन से दूर चले जाएं।

40:30लेकिन इस केस में आपके अपने आपके दुश्मन

40:34है। उनको मसना नहीं जा सकता। उनसे दूर ही

40:37चले जाएं।

40:39तो विदेश में बहुत अधिक तरक्की मिलेगी

40:42आपको।

40:43आपका जो भाग्य छुपा हुआ है, जन्मभूमि से

40:47दूर छुपा है। आपका जो धन है, जन्मभूमि से

40:51दूर छुपा है। चाहे YouTube पर काम कीजिए,

40:55चाहे Facebook पर काम कीजिए, सोशल मीडिया

40:58पर काम कीजिए। उस पर भी आपको लाभ है

41:00क्योंकि आपके जो व्यूअर्स है जन्मभूमि से

41:03दूर-दूर बैठे हैं।

41:05यानी कि पिछले जन्म में आपने जन्मभूमि से

41:09दूर वाले लोगों का बहुत लाभ किया है।

41:14उनके ऊपर आपका कर्जा बरकरार है और वो आपका

41:18कर्जा वापस करेंगे ही करेंगे।

41:21और अचानक आपके जीवन में ऊपर उठने के बहुत

41:25अधिक मौके आएंगे।

41:28फिर आपने यह नहीं सोचना कि अगर मैं ऊपर उठ

41:31रहा हूं को तो इसको नुकसान हो रहा है।

41:34होने दीजिए। अपना फायदा देखिए। बाहर सेट

41:37होकर भी ये नहीं सोचना कि मेरे गांव से

41:40आया है। मेरे शहर से आया है। मैंने इसका

41:43अच्छा करना है। अगर किसी का अच्छा करोगे

41:46वही आपका बुरा करेगा। आपका बाप बनेगा वो।

41:50आपका बुरा करने में। फिर आप सोचोगे कि

41:54इसको सर्वाइव नहीं कर रहा था तो मैंने

41:56इसको अपने पैरों पर खड़ा करवाया तो पहले

42:00यह बेवकूफी आपने नहीं करनी। दशम भाव में

42:03राहु दशम भाव का ये जो राहु है ये

42:10सबसे बेस्ट पोजीशन है कुंडली में पावरफुल

42:14भाव है कुंडली का दशम भाव लगन से के बाद

42:18जो राहु की पावरफुल पोजीशन है दशम भाव में

42:22है इतना

42:25ज्यादा पावर राहु के पास आ गई सामधा धाम

42:30दंड भेद

42:33सभी गुण आ गए। कब किस गुण का उपयोग करना

42:37है? दशम भाव है कार्य क्षेत्र का।

42:41जातक पूरी तरह से

42:44अपनी शास्त्र बुद्धि को अपने कार्य

42:46क्षेत्र में लगा देता है कि चाहे मैंने

42:49अपने कार्य क्षेत्र में ऊंचाइयां हासिल

42:52करनी है। जातक किसी के अधीन काम नहीं कर

42:56सकता। और जब उसको पहले राहु किसी के अधीन

43:00काम करवाएगा, उसको गालियां भी दिलवाएगा।

43:04ताकि जातक को लगे कि मैंने अपने पैरों पर

43:07खड़े होना है। मैंने अपनी मर्जी से काम

43:10करना है। मैंने बड़ा ऑफिसर बनना है। मैंने

43:13पॉलिटिक्स में बहुत ऊपर जाना है। मैंने

43:16ऊंचाइयां हासिल करनी है। तो ये सोच दे

43:19देगा। उसके बाद जातक का शातिर दिमाग

43:24सभी नीतियों से अपने गोल को प्राप्त कर कर

43:28रहेगा।

43:29आपका सफलता आपके प्रोफेशन में छुपी है।

43:33प्रोफेशन में लीगल अलीगल सभी तरह के काम

43:37करने पड़ेंगे। बड़े लोगों को खुश करने के

43:40लिए आउट ऑफ द ट्रैक जाकर भी काम करने

43:42पड़ेंगे।

43:44डरना नहीं है।

43:47लेकिन एक बात है कि जो बंदा पहले से ही

43:50मजबूर है उसकी मजबूरी का लाभ नहीं उठाना।

43:53गरीब बंदे की बद्दुआ नहीं लेनी।

43:57जो गरीब बंदा है आपके अंदर काम करता है।

44:01कलम से उसका बुरा नहीं करना। नहीं तो उसकी

44:04बद्दुआ आपके लिए प्रॉब्लम क्रिएट करेगी।

44:07दशम भाव में राहु है। आप अपनी तरक्की में

44:12अपनी प्रोफेशनल लाइफ में इतना उलझ जाते

44:14हैं कि परिवार के लोग फिर आपके खिलाफ हो

44:17जाते हैं। आपकी पत्नी आपके बच्चे कि जी

44:20पूरा दिन आपको काम काम और हमारी ओर कोई

44:24ध्यान ही नहीं है। फिर भी आपका ध्यान काम

44:28की ओर ही रहेगा। लेकिन मैं आपको कहना

44:31चाहता हूं कि

44:34कुछ समय अपनी फैमिली को दीजिए। जो आपके

44:40मेन इयर्स ऑफ लाइफ है जहां आप घूम फिर

44:43सकते हैं 55 साल की उम्र तकरीबन कुछ समय

44:47फैमिली के साथ बिताएं घूमिए फिर फैमिली के

44:51साथ एंजॉय कीजिए नहीं तो बाद में फिर आप

44:54पश्चाताप करते रह जाते हैं कि जी अब

44:57फैमिली के साथ जब समय बिताने का समय था वह

45:00समय तो निकल गया जीवन निकल गया तो जीने का

45:05ढंग आया

45:06क्षमा बुझ गई तो महफिल में रंग आया। उस

45:10वक्त वक्त से वक्त मांगा जब वक्त वक्त दे

45:13देकर तंग आया। तो ये सोच ना रहे इसलिए

45:17वक्त रहते अपनी लाइफ इंंजॉय भी करें। आ

45:20गया जी आपका 11व भाव में राहु।

45:2511 भाव में राहु की क्या कहे आपको

45:2911 भाव का राहु एक प्रॉब्लम देता है और

45:34मिल जाए और मिल जाए

45:38जो है उसका इंजॉय नहीं करना

45:43जो दूसरों के पास है वो बहुत बड़ा लगता है

45:47अपनी थाली में चाहे

45:50बहुत ही अच्छी क्वालिटी का लड्डू हो

45:55लेकिन दूसरी की थाली में

45:58जो लड्डू है वह बड़ा लगेगा और अच्छी

46:02क्वालिटी का लगेगा वो मिल जाए जो लड्डू जब

46:07मिला इसको खाएंगे नहीं भाई इसको तो खा लो

46:11वो देख देख कर जलते रहेंगे वो देख देख कर

46:15उसको कैसे प्राप्त करूं क्या प्लानिंग

46:18बनाऊं वो मिल गया तो किसी और की थाली का

46:22लड्डू बड़ा लगने लग जाएगा तो 11 भाव में

46:26राहु है सेटिस्फेक्शन नहीं मिलेगी आपको

46:29संतुष्टि नहीं मिलेगी लाइफ में भटकाव

46:32रहेगा सब कुछ होगा

46:35और

46:37भटकाव पर काबू अगर आपने पा लिया तो आप

46:41राजा

46:43मित्र जो होंगे आपके

46:46उसमें से कुछ गुप्त शत्रु होंगे कुछ ऐसे

46:49मित्र होंगे जो मित्र बनकर आपसे से लाभ

46:53लेने के लिए ही मित्र बनेंगे। जो बंदा

46:56अचानक आपके बहुत क्लोज आए अचानक आपको

47:00साफ-साफ कहना शुरू करे तो समझ ले कि दाल

47:04में कुछ काला है या पूरी दाल ही काली है।

47:07यानी आपसे कोई ना कोई लाभ लेने आया है।

47:1111वें भाव का राहु कहता है कि आमदनी की

47:14बढ़ाइए।

47:15जितनी आप आमदनी बढ़ाएंगे, उतना जीवन में

47:19आप तरक्की करेंगे। उतनी आपका मान सम्मान

47:23होगा। उतनी आपकी सफलता होगी। लेकिन साथ

47:26में सेटिस्फेक्शन भी रखिए। साथ में एंजॉय

47:30भी कीजिए। ये राहु नहीं कहता ये मैं कह

47:33रहा हूं।

47:35राहु तो कहता और और लेकिन कुछ आप भाई

47:43अपना समय अपने शौक पूरे करने में भी

47:46लगाएं। जो पॉलिटिक्स में है कुछ समय छोड़

47:50दीजिए राजनीति को

47:53हफ्ते में 10 दिन में एक बार मोबाइल फोन

47:56बंद कर रखिए एक दिन

47:59अपनी फैमिली के साथ समय निकालिए अपने जो

48:03आपके करीबी मित्र है बचपन के दोस्त हैं

48:06जिनके साथ अपना सुखदुख आप बांट सकते हैं

48:10उनके साथ समय निकालिए तो हार्ट के रोगों

48:13से बचे रहेंगे नहीं हार्ट की बीमारी दे

48:15देगा हार्ट बीट तेज कर देगा तो उससे आपका

48:19बचाव रहेगा। आ गया जी आपका जो राहु 12 भाव

48:24में

48:2612 भाव का राहु

48:2912 भाव का राहु कहता है अतिथि देवो भवे

48:33दुश्मन भी आपके घर में आ गया नतमस्तक हो

48:37जाओ प्रभु आए हैं सो ऐसा करना है मन में

48:42नहीं आते विचार बनाने

48:46कोई भी आपके ऑफिस में आ जाए आपको मिलने आ

48:50आए

48:51उसका काम कर दीजिए। जिसने आपको काम कह

48:55दिया उसका काम कर दीजिए। आपके अपने नाराज

48:58होते हैं कि जी हमारा काम तो करते नहीं

49:01विरोधियों का काम कर रहे हैं। तो जितना आप

49:04विरोधी अगर आपको कहे आकर उसका आपने काम कर

49:08दिया वो आपका मुरीद हो गया। आपके अपरा

49:11आपके उतना काम नहीं आएंगे जितना आपके

49:14विरोधी आपके काम आएंगे।

49:17राहु 12 भाव में

49:21यह

49:22आपको फिजिकली भी लाभ देगा, सेक्सुअल लाइफ

49:27में भी लाभ देगा और एक समय के बाद दुनिया

49:32का असली चेहरा दिख जाएगा और आपका ध्यान

49:36दुनिया से उचाट हो जाएगा और आपका ध्यान

49:39मोक्ष प्राप्ति की ओर जाएगा।

49:43यानी सब हर तरह के रंग दिखा देगा।

49:48हर तरह के सुख

49:51ये जन्म भी अच्छा दिया बोनस में गति भी

49:54अच्छी करवा दी बोनस में अगला जन्म भी

49:58अच्छा दे दिया

50:01आखरी समय में ऐसे काम करवा देता है

50:06जो जन्मों जन्मों तक हमारे बुरे किए हुए

50:11कर्मों को धो देते हैं।

50:14राहु 12 भाव में हो, ऐसी-ऐसी स्थानों की

50:17यात्रा करवा देता है। ऐसी-ऐसी धार्मिक

50:20स्थानों में जातक नतमस्तक हो जाता है।

50:25कि जिसका जातक को इस जन्म में तो लाभ होता

50:28ही है। अगले जन्मों जन्मों तक लाभ होता

50:31है। राहु जाने-अजाने

50:34जातक से करवाता ही रहता है। जातक कठपुतली

50:37होता है। जब 12वें भाव में राहु को कब

50:41कहां क्या करना है, कैसे करना है? कैसे

50:44लाइफ चलानी है, किसका कर्जा देना है, कौन

50:49जातक को धोखा देगा? सब अच्छे के लिए हो

50:52रहा है। और

50:55कोई आपसे किसी का हक नहीं खाना। 12व भाव

50:58में राहु देते रह। जितना आप देते रहेंगे

51:02उतनी बरकत होती रहेगी।

51:05जितना खर्च करते रहेंगे अच्छे कामों पर

51:08सिर्फ 12वा भाव ही आता है कि अच्छे कामों

51:11पर खर्च करते रहेंगे उतनी आपकी बरकत होती

51:14रहेगी। ये भी क्या है कि आपके अपने जलेंगे

51:19बहुत। आपके करीबी जलेंगे बहुत। मैं कई बार

51:23कहता हूं कि जब आपका जन्म हुआ था जो आपको

51:26शगुन देकर गए थे। आपके माता-पिता के

51:30दोस्त, आपके रिश्तेदार वो उनकी जो नेगेटिव

51:33एनर्जी है वह आपके लिए सबसे अधिक हानिकारक

51:37रहेगी। जब राहु आपका 12व भाव में है तो

51:41उनसे दूर जाने में बराई होती है। इसीलिए

51:44कहा जाता है कि जातक जन्मभूमि से दूर अधिक

51:48तरक्की करता है। जब 12व भाव में राहु

51:50विराजमान हो तो 12व भाव का राहु अपने आप

51:55में ही एक चमत्कार है।

51:58आपसे अच्छे काम भी करवाएगा, बुरे काम भी

52:01करवाएगा, एक बैलेंस बनाएगा इस कलयुग में

52:05और आप सफल होंगे ही होंगे। इसमें कोई दो

52:09राय नहीं है। तो भाई यह तो मेरा वीडियो

52:12था।

52:14आपकी जीवन में आपकी सफलता कहां छुपी हुई

52:17है। आपने अपना इतना कीमती समय निकाल कर यह

52:20वीडियो देखा। मैं तहे दिल से आपका आभारी

52:23हूं। थैंक्स ए लॉट।

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